स्मार्टफोन की दुनिया में Samsung ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि उसका फ्लैगशिप फोल्डेबल फोन सिर्फ डिजाइन और प्रीमियम लुक के लिए नहीं, बल्कि मजबूती में भी किसी से कम नहीं है। हाल ही में साउथ कोरिया के एक टेक यूट्यूबर ने Galaxy Z Fold 7 पर एक बेहद सख्त ड्यूरेबिलिटी टेस्ट किया।

इस टेस्ट में फोन को लगातार 2,00,000 बार फोल्ड और अनफोल्ड किया गया। यह आंकड़ा सुनने में जितना बड़ा लगता है, असल में टेस्ट उससे भी ज्यादा कठिन था, क्योंकि इसे लगातार 5.5 घंटे की लाइव स्ट्रीम में किया गया। आइए जानते हैं इस “फोल्डिंग मैराथन” में क्या-क्या हुआ और Galaxy Z Fold 7 ने कैसे प्रदर्शन किया।
सैमसंग का दावा बनाम असली टेस्ट
Samsung का कहना है कि Galaxy Z Fold 7 का नया हिंज मैकेनिज्म 5,00,000 फोल्ड तक झेल सकता है। हालांकि, यह दावा लेबोरेट्री कंडीशन्स पर आधारित है, जहां धूल, तापमान में बदलाव और प्रेशर जैसे रियल-लाइफ फैक्टर्स का असर नहीं होता।
इस टॉर्चर टेस्ट में फोन को बिना रुके फोल्ड और अनफोल्ड किया गया, जो असल इस्तेमाल से कहीं ज्यादा मुश्किल और चुनौतीपूर्ण है।
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टेस्ट के दौरान फोन में क्या हुआ?
6,000 से 10,000 फोल्ड
पहली बार forced reboot error आया। इसके बाद हर 10,000 फोल्ड के बाद यह एरर दोहराया गया, लेकिन फोन दोबारा स्टार्ट होकर सामान्य रूप से काम करता रहा।
46,000 फोल्ड
हिंज से हल्की creaking noise आने लगी। हालांकि, इसका फोन के परफॉर्मेंस पर कोई असर नहीं पड़ा।
75,000 फोल्ड
हिंज से ब्लैक लिक्विड निकलता हुआ देखा गया। कुछ समय बाद यह लिक्विड आना बंद हो गया और फोन काम करता रहा।
1,05,021 फोल्ड
डिस्प्ले का क्रिज (crease) गहरा हो गया, लेकिन स्क्रीन टच और विजिबिलिटी सामान्य रही।
1,75,000 फोल्ड
टॉप और बॉटम ईयरपीस ने काम करना बंद कर दिया। हिंज स्मूद हुआ, लेकिन अपनी इलास्टिसिटी (लचीलापन) खो बैठा।
2,00,000 फोल्ड के बाद फोन की हालत

- डिस्प्ले: कोई dead pixel नहीं, टच रिस्पॉन्स बिल्कुल सही।
- क्रिज: पहले से ज्यादा गहरा, लेकिन अभी भी यूज करने लायक।
- हिंज: ढीला जरूर हुआ, मगर पूरी तरह फंक्शनल।
फाइनल रिजल्ट
Galaxy Z Fold 7 सैमसंग के 5,00,000 फोल्ड के आधिकारिक दावे तक तो नहीं पहुंच पाया, लेकिन 2,00,000 बार लगातार टॉर्चर टेस्ट के बाद भी इसने अपना काम जारी रखा।
यह परिणाम यह साबित करता है कि Samsung की इंजीनियरिंग और बिल्ड क्वालिटी वाकई मजबूत है। रियल-लाइफ में, जहां आप दिन में 100–200 बार से ज्यादा फोल्ड नहीं करते, यह फोन आसानी से कई साल तक चल सकता है।
रियल-लाइफ इस्तेमाल में क्या मतलब है?
अगर औसतन कोई यूजर दिन में 150 बार फोन फोल्ड और अनफोल्ड करता है, तो 2,00,000 फोल्ड का मतलब है लगभग 3.5 साल का आरामदायक इस्तेमाल। और चूंकि यह टेस्ट काफी ज्यादा एक्सट्रीम कंडीशंस में किया गया, इसलिए नॉर्मल लाइफ में यह फोन और भी लंबे समय तक टिक सकता है।
Samsung Galaxy Z Fold 7 ने इस टॉर्चर टेस्ट में साबित कर दिया कि यह सिर्फ एक हाई-टेक गैजेट नहीं, बल्कि एक टिकाऊ और लंबे समय तक चलने वाला प्रीमियम फोल्डेबल फोन है। हालांकि 5,00,000 फोल्ड के आंकड़े तक यह नहीं पहुंच सका, लेकिन 2,00,000 बार लगातार फोल्डिंग के बाद भी इसका काम करना अपने आप में एक बड़ी उपलब्धि है।
अगर आप एक ऐसा फोल्डेबल स्मार्टफोन चाहते हैं जिसमें प्रीमियम डिजाइन, दमदार फीचर्स और मजबूती हो, तो Galaxy Z Fold 7 आपके लिए एक शानदार ऑप्शन है।
डिस्क्लेमर: दी गई जानकारी विभिन्न मीडिया रिपोर्ट्स और टेक यूट्यूबर द्वारा किए गए ड्यूरेबिलिटी टेस्ट पर आधारित है। यहां बताई गई परफॉर्मेंस और नतीजे लैब कंडीशंस या स्पेशल टेस्ट सिचुएशंस के आधार पर हैं, जो रोजमर्रा के इस्तेमाल से अलग हो सकते हैं। वास्तविक अनुभव यूजर के इस्तेमाल, वातावरण और मेंटेनेंस पर निर्भर करेगा। कंपनी के आधिकारिक दावे और असली प्रदर्शन में अंतर संभव है।
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